गिरिडीह (झारखंड):
गिरिडीह जिले के बेंगाबाद अंचल में भ्रष्टाचार के खिलाफ बड़ी कार्रवाई करते हुए धनबाद एंटी करप्शन ब्यूरो (ACB) की टीम ने जमीन म्यूटेशन के नाम पर रिश्वत लेते हुए अंचल निरीक्षक और एक बिचौलिया को रंगे हाथ गिरफ्तार किया है। यह कार्रवाई गुरुवार को बेंगाबाद अंचल कार्यालय परिसर में की गई।
म्यूटेशन के नाम पर मांगी थी रिश्वत
ACB से मिली जानकारी के अनुसार, बेंगाबाद अंचल निरीक्षक सुरेंद्र यादव ने गिरिडीह निवासी मदन बर्णवाल से जमीन के म्यूटेशन के बदले 15 हजार रुपये रिश्वत की मांग की थी। शिकायत मिलने के बाद ACB ने जाल बिछाया और तय योजना के तहत रिश्वत की पहली किस्त के रूप में 6 हजार रुपये लेते समय अंचल निरीक्षक को पकड़ लिया।
बिचौलिया भी गिरफ्त में, कार्यालय में मचा हड़कंप
इस कार्रवाई के दौरान अंचल निरीक्षक के सहयोगी और बिचौलिया मुकेश कुमार यादव को भी ACB की टीम ने गिरफ्तार किया। गिरफ्तारी बेंगाबाद अंचल की तहसील कचहरी से की गई। जैसे ही कार्रवाई की जानकारी फैली, अंचल कार्यालय में हड़कंप मच गया। कई कर्मचारी कार्यालय से बाहर निकल गए और कुछ ने अपने मोबाइल फोन बंद कर लिए।
ACB टीम ने दोनों आरोपियों को हिरासत में लेकर आगे की कानूनी प्रक्रिया शुरू कर दी।
7.34 डिसमिल जमीन का है मामला
ACB अधिकारियों ने बताया कि शिकायतकर्ता मदन बर्णवाल ने गिरिडीह जिले में खाता संख्या-74, प्लॉट संख्या-4045, रकबा 7.34 डिसमिल जमीन की खरीद की थी, जिसका म्यूटेशन लंबित था। इसी काम को आगे बढ़ाने के नाम पर रिश्वत मांगी गई थी।
आगे की कार्रवाई
गिरफ्तारी के बाद दोनों आरोपियों को धनबाद ले जाया गया, जहां उनसे पूछताछ की जा रही है। ACB की ओर से कहा गया है कि मामले में कागजी कार्रवाई पूरी कर आगे की जांच की जाएगी और भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम के तहत केस दर्ज किया जाएगा।
इस कार्रवाई के बाद बेंगाबाद अंचल सहित पूरे गिरिडीह जिले में राजस्व विभाग की कार्यप्रणाली पर सवाल खड़े हो गए हैं। आने वाले दिनों में इस मामले से जुड़े अन्य पहलुओं की भी जांच की जा सकती है।
