सीसीएल गिरिडीह कोलियरी स्थित स्टेट हाउस में शुक्रवार को सीसीएल प्रबंधन के साथ एसीसी एवं द्विपक्षीय सुरक्षा समिति की अलग-अलग बैठकों का आयोजन किया गया। बैठक की अध्यक्षता जीएम गिरिडीह कुमार राठौर ने की, जबकि संचालन उप प्रबंधक राष्ट्रीय भारती ने किया। बैठक में श्रमिक नेताओं ने गिरिडीह कोलियरी के समुचित विकास, सुरक्षा व्यवस्था और कोयला उत्पादन व डिस्पैच से जुड़ी समस्याओं को प्रमुखता से उठाया।
बैठक में गिरिडीह कोलियरी क्षेत्र के कर्मचारियों और स्थानीय लोगों से जुड़ी समस्याओं पर भी चर्चा हुई। श्रमिक प्रतिनिधियों ने कोलियरी क्षेत्र में बुनियादी सुविधाओं की कमी, सुरक्षा उपकरणों की उपलब्धता, उत्पादन में आ रही बाधाओं और डिस्पैच को सुचारू करने की मांग रखी। साथ ही कोयला डिस्पैच में तेजी लाने और गुणवत्ता पर विशेष ध्यान देने की बात कही गई।
डिस्पैच में तेजी और गुणवत्ता सुधार की मांग
झारखंड कोलियरी मजदूर यूनियन के एरिया सचिव निजारुल मंडल ने कहा कि कोयला डिस्पैच की गति धीमी है, जिससे उत्पादन प्रभावित हो रहा है। उन्होंने डिस्पैच प्रक्रिया में तेजी लाने और कोयले की गुणवत्ता पर ध्यान देने की मांग की। साथ ही उन्होंने ओपनकास्ट परियोजना में पेयजल समस्या के समाधान पर जोर दिया।
कोयला भंडारण और सुरक्षा पर चर्चा
सीसीएल अधिकारियों ने बताया कि गिरिडीह क्षेत्र में पर्याप्त कोयला उपलब्ध है और इसकी जानकारी सभी संबंधित विभागों को दी गई है। एसीसी सदस्यों ने डंपिंग यार्ड में कोयले के सुरक्षित भंडारण और सुरक्षा व्यवस्था को मजबूत करने की आवश्यकता बताई। इसके अलावा खनन क्षेत्रों में सुरक्षा मानकों का कड़ाई से पालन कराने पर सहमति बनी।
अवैध खनन और चोरी रोकने पर सहमति
बैठक में अवैध खनन और कोयला चोरी को पूरी तरह रोकने के लिए सभी के सहयोग की आवश्यकता पर बल दिया गया। जीएम कुमार राठौर ने कहा कि अवैध गतिविधियों से न केवल कंपनी को नुकसान होता है, बल्कि सुरक्षा के लिहाज से भी यह गंभीर विषय है। इसके लिए संयुक्त प्रयास करने का निर्णय लिया गया।
सीसीएल प्रबंधन ने दिए निर्देश
सीसीएल प्रबंधन ने सुरक्षा व्यवस्था को लेकर उठाए जा रहे कदमों की जानकारी दी और कहा कि उत्पादन बढ़ाने के साथ-साथ कर्मचारियों की सुरक्षा सर्वोच्च प्राथमिकता है। बैठक में विभिन्न विभागों के अधिकारियों को समस्याओं के त्वरित समाधान के निर्देश दिए गए।
बैठक में सीसीएल अधिकारियों, एसीसी सदस्यों, श्रमिक प्रतिनिधियों और विभिन्न विभागों के पदाधिकारी मौजूद थे। सभी ने कोलियरी के समग्र विकास के लिए आपसी समन्वय से काम करने पर सहमति जताई
